नित्य समाचार👁👁
सिंगाही लखीमपुर खीरी
जिले के निघासन क्षेत्र में तेंदुए के हमले ने एक मासूम की जान ले ली, जिससे पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है। सिंगाही थाना क्षेत्र के फुटहा फार्म गांव में सात वर्षीय बालिका को तेंदुआ घर से ही उठाकर ले गया। बाद में उसका शव गेहूं के खेत में बरामद होने से गांव में कोहराम मच गया।
बताया जाता है कि जोगा सिंह की पुत्री घर पर खाना खा रही थी, तभी अचानक छिपे तेंदुए ने उस पर झपट्टा मार दिया। परिजन कुछ समझ पाते, उससे पहले ही तेंदुआ बच्ची को लेकर गायब हो गया। शोर सुनकर ग्रामीण दौड़े और काफी देर तक तलाश करते रहे, लेकिन अन्तत बच्ची का शव गांव से कुछ दूरी पर मिला।
घटना के बाद परिवार में चीख-पुकार मच गई और पूरे गांव में मातम छा गया। ग्रामीणों में इस घटना को लेकर भारी आक्रोश है। लोगों का आरोप है कि क्षेत्र में लंबे समय से तेंदुए की गतिविधियां देखी जा रही थीं, इसके बावजूद वन विभाग ने कोई ठोस कदम नहीं उठाया।
सूचना मिलते ही *स्थानीय जनप्रतिनिधि चौधरी हिमांशु पटेल मौके पर पहुंचे* और पीड़ित परिवार से मुलाकात कर हर संभव सहायता का आश्वासन दिया। उन्होंने प्रशासन से तत्काल मुआवजा देने और क्षेत्र में सुरक्षा के कड़े इंतजाम करने की मांग की।
*मामला अब लोकसभा तक पहुंच गया है। सांसद उत्कर्ष वर्मा ने इस घटना को सदन में उठाते हुए सरकार पर दबाव बनाया*। उन्होंने कहा कि तराई क्षेत्र में लगातार बढ़ रहे वन्यजीव हमले गंभीर चिंता का विषय हैं। उन्होंने पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा, तेंदुए को पकड़ने के लिए विशेष अभियान और संवेदनशील क्षेत्रों में कड़ी निगरानी की मांग की।
घटना के बाद वन विभाग और प्रशासन की टीम सक्रिय हो गई है। इलाके में तेंदुए को पकड़ने के लिए अभियान चलाया जा रहा है तथा गश्त बढ़ा दी गई है। ग्रामीणों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
गौरतलब है कि तराई क्षेत्र में मानव और वन्यजीवों के बीच बढ़ता टकराव अब विकराल रूप लेता जा रहा है। आए दिन हो रही ऐसी घटनाएं प्रशासनिक व्यवस्थाओं पर सवाल खड़े कर रही हैं। स्थानीय लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ठोस कदम नहीं उठाए गए, तो आंदोलन किया जाएगा।

